बड़ी खबर: BJP के खिलाफ इन मुद्दों को हथियार बनाएगी सपा…

जीएसटी और नोटबंदी के सहारे देश में बड़े आर्थिक बदलाव की शुरुआत का दावा करने वाली भाजपा को सपा इन्हीं मुद्दों पर घेरने की तैयारी कर रही है। आज (बुधवार) पार्टी की होने वाली राष्ट्रीय कार्यकारिणी बैठक में इस प्रस्ताव पर मुहर लग सकती है। सपा इसके सहारे व्यापारी वर्ग में सेंध लगाने की कोशिश में है।बड़ी खबर: BJP के खिलाफ इन मुद्दों को हथियार बनाएगी सपा...Breaking: सीएम योगी आदित्यनाथ पहुंचे करेल, जनरक्षा यात्रा में हुए शामिल!

दोपहर तीन बजे से होटल रेडीशन ब्ल्यू में होने वाली राष्ट्रीय कार्यकारिणी में राजनीतिक और आर्थिक प्रस्तावों पर चर्चा शुरू हो गई है। सूत्रों के अनुसार इस दौरान आर्थिक प्रस्तावों में जीएसटी और नोटबंदी से हुई परेशानी के प्रस्ताव को हरी झंडी मिल सकती है। 

इसका आधार व्यापारियों की परेशानी को बनाया जाएगा। नोटबंदी के बाद जीएसटी की वजह से व्यापार तो प्रभावित हुआ ही है, साथ ही इसके जरिये भाजपा ने जो आर्थिक सुधार के दावे किए थे, वह भी नजर नहीं आ रहे। 

व्यापारी वर्ग पर डोरे

सपा पदाधिकारियों का मानना है कि भाजपा सरकार के इस फैसले से हर व्यापारी परेशान हैं। मगर, उनके विरोध को नेतृत्व नहीं मिल पा रहा है। इसका राजनीतिक लाभ लेने के लिए सपा अपना कदम आगे बढ़ाने की तैयारी में है। बैठक में व्यापारियों की लड़ाई लड़ने के लिए भाजपा के खिलाफ आंदोलन खड़ा करने की रूपरेखा तय हो सकती है। वर्ष 2019 में होने वाले लोकसभा चुनाव से पहले सपा व्यापारियों की सबसे बड़ी हितैषी पार्टी के रूप में उभरकर सामने आना चाहती है।

बसपा खेमे में मच सकती है खलबली

सपा के इस अधिवेशन से सपाइयों में उत्साह की लहर है। वहीं, बसपाई खेमे में हलचल मची हुई है। बताया जा रहा है कि कई पूर्व विधायक सपा के संपर्क में है। राष्ट्रीय नेतृत्व के समक्ष वह साइकिल पर सवार हो सकते हैं। 

प्रो. रामगोपाल ने संभाली तैयारियों की कमान

सपा में अखिलेश यादव को स्थापित कराने वाले पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव प्रो. रामगोपाल यादव ने राष्ट्रीय अधिवेशन से पहले एक बार फिर कमान संभाल ली है। वह मंगलवार देर शाम को कई वरिष्ठ नेताओं के साथ आ गए हैं। उन्होंने तैयारियों की कमान संभाल ली है। 
मंगलवार देर शाम आने के बाद उन्होंने चुनिंदा पदाधिकारियों से मुलाकात कर तैयारियों की जानकारी ली। इसके बाद उन्होंने वरिष्ठ नेताओं के साथ देर रात तक बैठक में रखे जाने वाले प्रस्तावों पर चर्चा की। इसके अलावा फ्रंटल संगठनों के अध्यक्षों के साथ तमाम पदाधिकारी आ गए हैं। राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव, मोहम्मद आजम खां सहित कई वरिष्ठ नेता बुधवार दोपहर तक पहुंचेंगे।

You May Also Like

English News