विधायकों की खरीद-फरोख्त के बाद एक और स्टिंग ने उड़ाई उत्तराखंड सरकार की नींद

 एक वरिष्ठ आईएएस अधिकारी के स्टिंग ऑपरेशन की उड़ती खबरों ने सरकार के अलावा नौकरशाही की भी नींद उड़ा दी है। 

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बताया जा रहा है कि जल्द ही यह स्टिंग लोगों के सामने होगा। इसकी चर्चा उत्तराखंड काडर के आईएएस अधिकारियों के व्हाट्सएप ग्रुप से शुरू हुई है।

 एक पूर्व आईएएस अधिकारी ने इस ग्रुप में पोस्ट डाला है कि ‘मुख्यमंत्री का मंत्रालय देख रहे एक वरिष्ठ आईएएस अधिकारी की 40 लाख रुपये लेते हुए तस्वीर खुफिया कैमरों में कैद हो चुकी है।सूत्रों से प्राप्त सूचना के मुताबिक दिल्ली के कुछ पत्रकारों ने इस पूरे ऑपरेशन को अंजाम दिया है। इसकी खबर मुख्यमंत्री निवास बीजापुर हाउस तक भी पहुंच चुकी है।

अब सभी यह जानने को बेकरार हैं कि मामला किस मंत्रालय का है। वहीं दूसरी ओर बीजेपी भी बेसब्री से मामले के खुलासे का इंतजार कर रही है।

इस स्टिंग ऑपरेशन में अधिकारी उस मंत्री का भी नाम ले रहा है, जिसके इशारे पर पूरा काम हो रहा है। सूत्रों की मानें तो यह स्टिंग उत्तराखंड की सियासत में बवाल ला सकता है।’

इस पोस्ट को देखने के बाद सभी के मन में बस एक ही सवाल कौंध रहा है कि आखिर यह आईएएस अधिकारी कौन है?

वैसे तो दबी जुबान से कुछ लोग उत्तराखंड की नौकरशाही से जुड़े एक-दो बड़े नाम तो ले रहे हैं, मगर पुख्ता तौर पर अभी कुछ बात सामने नहीं आ पाई है।

– उत्तराखंड में प्रतिनियुक्ति पर आए अधिकारी मो. शाहिद को आबकारी विभाग में सचिव पद पर तैनाती मिली। विभागीय काम के लिए रिश्वत लेते हुए उन्हें कैमरे में कैद किया गया था।

– विधायकों की खरीद-फरोख्त के संबंध में कथित रूप से चर्चा करते मुख्यमंत्री हरीश रावत का स्टिंग आपरेशन सामने आया। इस स्टिंग से उत्तराखंड में सियासत में खूब बवाल मचा।– ऊर्जा निगम के एमडी आरएस यादव को विभागीय काम करने के एवज में पैसे लेते हुए कैमरे में कैद किया गया। मामले की जांच शुरू हुई लेकिन अब तक कोई नतीजा सामने नहीं आया।

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