सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा- सूबे में डंडे-झंडे से नहीं, काम से चलेगी व्यवस्था

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ प्रदेश में अक्सर ही काम बंद करने के साथ आंदोलन करने वाले कर्मचारियों को सख्त लहजे में चेतावनी दी है। मुख्यमंत्री आज इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में उत्तर प्रदेश वाणिज्य कर सेवा संघ के 52 वें वार्षिक अधिवेशन को बतौर मुख्य अतिथि संबोधित कर रहे थे।मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सूबे में अक्सर हड़ताल करने के साथ ही धमकी देने वाले कर्मचारी संगठनों को बेहद सख्त लहजे में चेतावनी दी। उन्होंने आंदोलन की चेतावनी देने वाले कर्मचारी संगठनों के पेंच पेच कसते हुए कहा है कि प्रदेश में अब डंडे व झंडे से दबाव बनाकर नहीं, काम करके ही व्यवस्था चल सकेगी। उन्होंने कहा कि संगठन का मतलब ट्रेड यूनियन नहीं होना चाहिए।  वाणिज्य कर अधिकारियों के वार्षिक अधिवेशन में अधिकारियों के मांगें प्रस्तुत कर घोषणा करने के आग्रह पर योगी आदित्यनाथ ने कहा कि संघर्ष का रास्ता अपनाने से समस्याएं खड़ी होंगी, जबकि हर रास्ता संवाद से ही निकलेगा। कर चोरी व व्यापारियों के शोषण पर भी उन्होंने जीएसटी को लेकर व्यापारियों के साथ परस्पर विश्वास कायम करने को कहा है। उन्होंने कहा कि हमें इस तरह संवाद स्थापित करना चाहिए कि टैक्स चोरी रुके। व्यापारी स्वत:भाव से जीएसटी से जुड़ें और वन नेशन, वन टैक्स की अवधारणा को अंगीकार करें। सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि हमें व्यापारियों से जुड़ी समस्याओं का समाधान निकालने के लिए प्रयास करने चाहिए। हमारे और व्यापारियों के बीच में बेहतर समन्वय और विश्वास होना चाहिए।  –– ADVERTISEMENT ––     सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा दो टूक- काम करें वरना मतदाता कुर्सी से हटा देंगे यह भी पढ़ें   मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश देश का सबसे बड़ा कन्ज्यूमर स्टेट है। यहां पर जीएसटी के लिए सबसे अधिक संभावनाएं भी हैं। इन संभावनाओं को वास्तविकता में बदलना आप सबकी जिम्मेदारी है। यह व्यापारी के हित में भी है कि वह सभी लोग जीएसटी के तहत रजिस्ट्रेशन कराएं। पिछले तीन महीने का रेवन्यू काफी अच्छा आया है। आपके विभाग के आंकड़े बहुत उत्साहवर्धक रहे हैं। सात लाख से बढ़ाकर 13 लाख व्यापारियों को उत्तर प्रदेश में जीएसटी के तहत रजिस्टर किया गया है।   मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा, लश्कर-ए-तैयबा की भाषा बोल रही कांग्रेस यह भी पढ़ें मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उत्तर प्रदेश में हमने सफलता पूर्वक 7वां वेतन आयोग सभी संवर्गों के लिए लागू किया है जबकि कुछ राज्यों में अब तक 5वां वेतन आयोग ही लागू है। हम प्रदेश की जनता के उत्थान के लिए लगातार कार्य कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि राजस्व की दृष्टि से आपकी बहुत बड़ी भूमिका है। इस वर्ष आपको 71 हजार करोड़ रुपये का लक्ष्य दिया गया है। मुझे भरोसा है कि अगर निष्ठा से काम किया जाए तो यह एक लाख करोड़ तक पहुंच जाएगा।  विगत वर्ष उत्तर प्रदेश में जीएसटी को सफलता पूर्वक लागू करने के लिए आप सभी को बधाई देता हूं। वाणिज्य कर विभाग के 52वें अधिवेशन के अवसर पर आप सभी को हृदय से बधाई एवं शुभकामनाएं देता हूं। सीएम ने इस मौके पर उत्तर प्रदेश वाणिज्य कर सेवा संघ की स्मारिका-संवाद के वार्षिकांक का लोकार्पण किया।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सूबे में अक्सर हड़ताल करने के साथ ही धमकी देने वाले कर्मचारी संगठनों को बेहद सख्त लहजे में चेतावनी दी। उन्होंने आंदोलन की चेतावनी देने वाले कर्मचारी संगठनों के पेंच पेच कसते हुए कहा है कि प्रदेश में अब डंडे व झंडे से दबाव बनाकर नहीं, काम करके ही व्यवस्था चल सकेगी। उन्होंने कहा कि संगठन का मतलब ट्रेड यूनियन नहीं होना चाहिए।

वाणिज्य कर अधिकारियों के वार्षिक अधिवेशन में अधिकारियों के मांगें प्रस्तुत कर घोषणा करने के आग्रह पर योगी आदित्यनाथ ने कहा कि संघर्ष का रास्ता अपनाने से समस्याएं खड़ी होंगी, जबकि हर रास्ता संवाद से ही निकलेगा। कर चोरी व व्यापारियों के शोषण पर भी उन्होंने जीएसटी को लेकर व्यापारियों के साथ परस्पर विश्वास कायम करने को कहा है। उन्होंने कहा कि हमें इस तरह संवाद स्थापित करना चाहिए कि टैक्स चोरी रुके। व्यापारी स्वत:भाव से जीएसटी से जुड़ें और वन नेशन, वन टैक्स की अवधारणा को अंगीकार करें। सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि हमें व्यापारियों से जुड़ी समस्याओं का समाधान निकालने के लिए प्रयास करने चाहिए। हमारे और व्यापारियों के बीच में बेहतर समन्वय और विश्वास होना चाहिए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश देश का सबसे बड़ा कन्ज्यूमर स्टेट है। यहां पर जीएसटी के लिए सबसे अधिक संभावनाएं भी हैं। इन संभावनाओं को वास्तविकता में बदलना आप सबकी जिम्मेदारी है। यह व्यापारी के हित में भी है कि वह सभी लोग जीएसटी के तहत रजिस्ट्रेशन कराएं। पिछले तीन महीने का रेवन्यू काफी अच्छा आया है। आपके विभाग के आंकड़े बहुत उत्साहवर्धक रहे हैं। सात लाख से बढ़ाकर 13 लाख व्यापारियों को उत्तर प्रदेश में जीएसटी के तहत रजिस्टर किया गया है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उत्तर प्रदेश में हमने सफलता पूर्वक 7वां वेतन आयोग सभी संवर्गों के लिए लागू किया है जबकि कुछ राज्यों में अब तक 5वां वेतन आयोग ही लागू है। हम प्रदेश की जनता के उत्थान के लिए लगातार कार्य कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि राजस्व की दृष्टि से आपकी बहुत बड़ी भूमिका है। इस वर्ष आपको 71 हजार करोड़ रुपये का लक्ष्य दिया गया है। मुझे भरोसा है कि अगर निष्ठा से काम किया जाए तो यह एक लाख करोड़ तक पहुंच जाएगा।

विगत वर्ष उत्तर प्रदेश में जीएसटी को सफलता पूर्वक लागू करने के लिए आप सभी को बधाई देता हूं। वाणिज्य कर विभाग के 52वें अधिवेशन के अवसर पर आप सभी को हृदय से बधाई एवं शुभकामनाएं देता हूं। सीएम ने इस मौके पर उत्तर प्रदेश वाणिज्य कर सेवा संघ की स्मारिका-संवाद के वार्षिकांक का लोकार्पण किया। 

 

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