उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को विपक्षी दलों पर निशाना साधते हुए इन पर प्रदेश के विकास में बाधा बनने का आरोप लगाया। प्रदेश में भाजपा सरकार के 8 साल पूरा होने के मौके पर आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि 25 वर्ष की आयु से ऊपर के लोगों को याद होगा कि 2017 से पहले उत्तर प्रदेश की लोक व्यवस्था पर उपद्रव और माफिया का राज था।
उन्होंने जोर दिया कि यह स्थिति युवाओं, किसानों और आम लोगों के लिए विशेष रूप से गंभीर थी और इनमें से कई हतास थे। युवाओं के सामने पहचान का संकट था, किसान आत्महत्या किया करते थे और गरीब भूख से मरते थे। इसके उलट, मुख्यमंत्री ने अपनी सरकार में हुई प्रगति को रेखांकित करते हुए कहा कि यह वही राज्य है जहां युवाओं को नौकरी नहीं मिलती थी और जब वे इस प्रदेश से बाहर जाते तो उनके सामने पहचान का संकट था।
CM योगी ने जमकर की कांग्रेस और समाजवादी पार्टी की आलोचना
मिली जानकारी के मुताबिक, विकास का विरोध करने में विपक्ष की भूमिका का जिक्र करते हुए उन्होंने कांग्रेस और समाजवादी पार्टी की आलोचना की। योगी आदित्यनाथ ने कहा कि जब उत्तर प्रदेश के गर्व की बात आती है तो ये लोग सबसे पहले भ्रामक टिप्पणियां करते हैं। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस और सपा कोविड महामारी के दौरान इस सरकार के खिलाफ लड़ रहे थे और राम मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा से प्रसन्न नहीं थे और फिर महाकुंभ के संबंध में झूठा प्रचार किया।
कांग्रेस और सपा उत्तर प्रदेश के विकास में बाधा: CM योगी
मुख्यमंत्री ने कहा कि जब इन लोगों कांग्रेस और समाजवादी पार्टी को अवसर मिला तो इन्होंने कभी कोई विकास नहीं किया और जब उत्तर प्रदेश में विकास हो रहा है तो वे विकास के रास्ते बाधा बन रहे हैं। उन्होंने कहा कि इन बाधाओं के बावजूद कृषि जैसे क्षेत्रों में उल्लेखनीय प्रगति हुई है। कभी निराशा का सामना करने वाले किसान अब राज्य के विकास में योगदान कर रहे हैं और कोई किसान आत्महत्या नहीं कर रहा है।
8.3 लाख सरकारी नौकरियां उपलब्ध कराई गई हैं जिनमें 60,000 पुलिस की भर्ती शामिल: CM योगी
मुख्यमंत्री ने रोजगार सृजन के शासन के प्रयासों की भी सराहना की और कहा कि 8.3 लाख सरकारी नौकरियां उपलब्ध कराई गई हैं जिनमें 60,000 पुलिस की भर्ती शामिल है।
इसमें अप्रत्याशित ढंग से 12,000 महिलाओं का चयन हुआ है। यह पहले कभी नहीं हुआ। योगी आदित्यनाथ ने एक जिला, एक उत्पाद जैसी पहल का हवाला देते हुए आर्थिक वृद्धि के प्रति अपनी सरकार की प्रतिबद्धता रेखांकित की। उन्होंने कहा कि आज उत्तर प्रदेश खाद्यान्न, आलू, गन्ना और एथनॉल का सबसे बड़ा उत्पादक है। हमने उत्तर प्रदेश को बीमारू राज्य से एक तेजी से उभरती अर्थव्यवस्था में परिवर्तित किया है।