रियाद। सऊदी अरब ने पहली बार राजशाही में शीर्ष पदों पर दो महिलाओं की नियुक्ति की है। पहली नियुक्ति शेयर बाजार के प्रमुख के रूप में तथा दूसरी नियुक्ति प्रमुख अखबार के शीर्ष पद पर की गई है। सऊदी सरकार का यह कदम एक बेहद रूढ़िवादी समाज में धीरे-धीरे महिलाओं के सशक्त बनाने के मौजूदा सरकार के लक्ष्य को रेखांकित करता है, जहां महिलाओं की सार्वजनिक स्थानों पर मौजूदगी तथा उनके आंदोलनों को कड़े कानूनों द्वारा दबाया जाता है।
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मीडिया रिपोर्टों से शुक्रवार को यह जानकारी मिली कि साराह अल-सुहैमी को सऊदी शेयर बाजार का (ताडावुल) का प्रमुख बनाया गया है। इससे पहले वे राष्ट्रीय वाणिज्यिक बैंक (एनसीबी) की पहली महिला मुख्य कार्यकारी अधिकारी 2014 में बनी थी। वह मध्य पूर्व के सबसे बड़े एक्सचेंज में खालिद अल राबिया की जगह पदभार संभालेंगी।
वह सऊदी अरब के वित्त क्षेत्र में काम करने वाली कुछ गिनीचुनी महिलाओं में से एक हैं। उनकी नियुक्ति की घोषणा गुरुवार को की गई। यह सरकार के महत्वाकांक्षी आर्थिक और सामाजिक सुधार कार्यक्रम विजन 2030 के तहत की गई, जिसका लक्ष्य अर्थव्यवस्था में महिलाओं की भूमिका को विकसित करना है।
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इस कार्यक्रम के तहत वित्त क्षेत्र में महिलाओं की भागीदारी को आने वाले सालों में 22 फीसदी से बढ़ाकर 30 फीसदी करने की योजना है।
वहीं, एक अन्य महत्वपूर्ण कदम के तहत सऊदी सरकार के अंग्रेजी अखबार ने अपनी वेबसाइट पर पत्रकार सोमाया जबर्टी के अखबार के नए प्रमुख पद पर नियुक्ति की घोषणा की है। पहली बार किसी सऊदी अखबार के मुख्य संपादक पद पर किसी महिला की नियुक्ति की गई है।
‘नेशनल न्यूजपेपर’ की रिपोर्ट के मुताबिक उनके पूर्ववर्ती खालेद अलमाइना ने जबर्टी को एक समर्पित पत्रकार बताते हुए कहा कि यह लैंगिक मामला नहीं है, बल्कि उनकी प्रतिभा के कारण ही उन्हें यह मौका मिला है।